न्यायालय के आदेश पर कोटकम्हरिया में खाद गड्ढा भूमि की पैमाइश, राजस्व टीम की कार्रवाई से थमा वर्षों पुराना विवाद

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न्यायालय के आदेश पर कोटकम्हरिया में खाद गड्ढा भूमि की पैमाइश, राजस्व टीम की कार्रवाई से थमा वर्षों पुराना विवाद-गजेन्द्र नाथ पांडेय-महराजगंज, उत्तर प्रदेश

जनपद के तहसील नौतनवा अंतर्गत ग्राम सभा कोटकम्हरिया में खाद गड्ढे की सुरक्षित भूमि को लेकर वर्षों से चला आ रहा कानूनी गतिरोध सोमवार को समाप्त होता नजर आया। माननीय न्यायालय के कड़े रुख के बाद, राजस्व विभाग की टीम ने पुलिस बल की उपस्थिति में विवादित भूमि की पैमाइश की प्रक्रिया पूरी की। करीब चार माह के लंबे इंतजार के बाद हुई इस प्रशासनिक कार्रवाई से गांव में दिनभर गहमागहमी का माहौल बना रहा।

क्या है पूरा मामला?:-विवाद ग्राम कोटकम्हरिया तप्पा लेहड़ा के आराजी संख्या 663 से जुड़ा है। कुल 0.012 हेक्टेयर के इस भूखंड को सरकारी अभिलेखों में ग्राम सभा के खाद गड्ढे के रूप में दर्ज किया गया है। इस जमीन पर अतिक्रमण की शिकायत के बाद, वर्ष 2018 में हल्का लेखपाल की रिपोर्ट के आधार पर तहसीलदार नौतनवा की कोर्ट ने कड़ा फैसला सुनाया था। 31 जनवरी 2018 को जारी आदेश में रामदेव पुत्र रामसुभग को अवैध कब्जे का दोषी पाते हुए बेदखली और क्षतिपूर्ति का निर्देश दिया गया था।

अपील और न्यायालय का निर्देश :-तहसीलदार के आदेश को चुनौती देते हुए रामदेव ने अपीलीय न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। अपील में तर्क दिया गया कि बिना किसी स्थलीय जांच और सटीक पैमाइश के ही बेदखली का फैसला सुना दिया गया। जो प्राकृतिक न्याय के विरुद्ध है। मामले की गंभीरता और पत्रावलियों के गहन परीक्षण के बाद, अपीलीय न्यायालय ने माना कि बिना सीमांकन के विवाद का निस्तारण संभव नहीं है। फलस्वरूप, 5 फरवरी 2026 को न्यायालय ने राजस्व टीम को मौके पर जाकर विधिवत पैमाइश करने और ‘नजरी नक्शा’ प्रस्तुत करने का आदेश दिया।

मौके पर हुई पैमाइश:-न्यायालय के आदेश के चार माह बाद, सोमवार 11 मई 2026 को राजस्व टीम भारी दलबल के साथ गांव पहुंची। टीम ने नक्शे और पुराने अभिलेखों के आधार पर भूमि का सीमांकन किया।

इस दौरान दोनों पक्ष और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। राजस्व अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि पैमाइश की विस्तृत रिपोर्ट और तैयार किया गया नक्शा जल्द ही उच्चाधिकारियों और संबंधित न्यायालय को सौंप दिया जाएगा, जिसके बाद मामले में अंतिम निर्णय लिया जाएगा।

 

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